भावांतर भुगतान योजना ऑनलाइन आवेदन | Bhavantar Bhugtan Yojana (पंजीकरण फॉर्म)

मध्य प्रदेश भावांतर भुगतान योजना रजिस्ट्रेशन | MP Bhavantar Bhugtan Yojana Online apply | ऑनलाइन आवेदन

राज्य में रहने वाले किसानो के हित के लिए मध्य प्रदेश सरकार द्वारा भावांतर भुगतान योजना की शुरुवात की गयी है। योजना की शुरुवात 16 अक्टूबर 2017 को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह द्वारा किया गया। जिसके अंतर्गत किसानो को उनकी उपजाऊ फसल का सही मुनाफा मिल पायेगा। क्यूंकि कई बार उन्हें अपनी फसल का सही भाव नहीं मिलता। आये दिन फसलों के दाम गिरते व बढ़ते रहते है, जिससे कई बार किसानों को नुक्सान हो जाता है। मध्य प्रदेश सरकार द्वारा इस योजना को शुरू करने से किसानो के लिए ख़ुशी की खबर है।

इसके अन्तर्गत आने वाली केवल 8 फसल थी, जिसमे तेल वाली फसल व दाल की फसल ही मान्य थी लेकिन 2018 से कुल 13 फसल का लाभ किसानो को प्राप्त होता है। योजना से सम्बंधित और अधिक जानकारी जैसे: योजना का उद्देश्य, भावांतर भुगतान योजना से मिलने वाले लाभ व विशेषताएं, पात्रता क्या होगी, आवेदन हेतु महत्तवपूर्ण दस्तावेज, आवेदन प्रक्रिया आदि जानने के लिए आर्टिकल को अंत तक अवश्य पढ़े। यदि आप भी इस योजना का लाभ प्राप्त करना चाहते है तो आपको इसका आवेदन करने के लिए कही भी इधर उधर नहीं जाना होगा आप घर बैठे अपने मोबाइल व कंप्यूटर से इसका आवेदन हेतु दी गयी आधिकारिक वेबसाइट mpeuparjan.nic.in पर जा सकते है।

भावांतर भुगतान योजना के तहत सरकार किसानों को फसलों की कीमतों में गिरावट आने पर बाजार में मिलने वाला भाव (मार्किट प्राइस) व मिनिमम सपोर्ट प्राइस (न्यूनतम समर्थन रेट) के बीच की अन्तर राशि किसानो को प्रदान की जाती है। यह धनराशि किसानो के डायरेक्ट बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी जिसके लिए आवेदक का बैंक खाता होना बहुत जरुरी है।

राज्य मध्य प्रदेश
योजना नाम भावांतर भुगतान योजना
के द्वारा MP सरकार द्वारा
योजना का उद्देश्य राज्य के किसानों को सहायता प्रदान करना
लाभ लेने वाले राज्य के किसान
पोर्टल ई-उपार्जन पोर्टल
श्रेणी राज्य सरकारी योजना
ऑफिसियल वेबसाइट http://mpeuparjan.nic.in/
भावांतर-भुगतान-योजना

भावांतर भुगतान योजना

भावांतर योजना के माध्यम से किसान अपनी फसल बेच सकते है जिसके लिए उन्हें रजिस्ट्रेशन करना बहुत जरुरी है, तभी वह इस योजना का लाभ ले सकते है। पिछले साल कोरोना महामारी के कारण फसलों की बिक्री में भरी गिरवाट आयी जिससे किसानों को भारी मुस्किलो का सामना करना पढ़ा। जिसके बाद इस योजना का आरम्भ किया गया, जिससे किसनो को आर्थिक सहायता मिल सके। आपको बता दें पिछले 5 सालो में 118.57 लाख किसान इसके आवेदन हेतु रजिस्ट्रेशन करवा चुके है। आप भी ई-उपार्जन पोर्टल के माध्यम से इसका आवेदन कर सकते है। जिसका कोई भी शुल्क नहीं लिया जायेगा।

मध्यप्रदेश भावांतर भुगतान योजना से मिलने वाले लाभ व विशेषताएं

योजना से जुड़े लाभ और इनकी विशेषताएं जानने के लिए हमारे द्वारा दिए गए स्टेप्स को फॉलो करें।

  • पिछले 5 सालो में 64.35 लाख किसानो से योजना के अंतर्गत 2415.62 लाख टन अनाज को ख़रीदा गया।
  • लाभार्थी को एप्लीकेशन फॉर्म भरने के लिए किसी भी कार्यालय में जाने की आवश्यकता नहीं।
  • इससे किसान लोग अपनी आर्थिक तंगी से मजबूर होकर आत्महत्या करने में विवश नहीं होंगे।
  • वह किसान जिन्हें न्यूनतम सपोर्ट रेट से कम दामों में अपना अनाज बेचना पड़ता है और उन्हें नुकसान झेलना पड़ता है लेकिन अब उन्हें इसकी भरपाई की कीमत सरकार द्वारा प्रदान की जाएगी।
  • योजना से मिलने वाली से वह किसान अगली बार के लिए अच्छी फसल उपजाऊ कर सकते है जिससे उनकी आय में बढ़ोतरी होगी।
  • योजना के अंतर्गत मिलने वाली राशि सीधा लाभार्थी के बैंक खाते में पहुँच जाएगी, ध्यान रखे की आपका आधार कार्ड आपके बैंक अकाउंट से लिंक होना चाहिए।
  • योजना में दोनों फसलों को शामिल किया गया है, जो की रबी और खरीफ फसल है।
  • यदि किसी किसान का भुगतान 3 महीने से अधिक रहता है तो सरकार द्वारा उसे पुरुस्कार दिया जायेगा।
  • योजना के तहत किसानो की आय 2022 तक दोगुनी करना सरकार का उद्देश्य है।

पात्रता

  1. आवेदन करने वाला एक किसान होना चाहिए।
  2. लाभार्थी के पास अपनी जमीन से जुड़े सभी दस्तावेज होना अनिवार्य है।
  3. इस योजना का लाभ केवल मध्यप्रदेश में रहने वाले किसान ही ले सकते है।

Bhavantar bhugtan yojana apply documents

आवेदक का आधार कार्ड रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर स्थायी निवास प्रमाण पत्र
पहचान पत्र अनिवार्य पासपोर्ट साइज फोटो बैंक अकाउंट नंबर
बैंक पास बुक MP Patrata Parchi

भावांतर भुगतान योजना के अंदर आने वाली फसलें

राज्य सरकार द्वारा इस योजना के अंतर्गत आने वाली केवल आठ फसल थी, जिसमे वह फसल जिनसे तेल बनता था व कुछ दाल थी लेकिन अब कुल 13 फसल इसके अंदर लाभ हेतु लायी गयी है। यह रबी और खरीफ फसल कहलायी जाती है जो की जून जुलाई और अक्टूबर-नवंबर के महीने में उगाई जाती है।

योजना के अंदर आने वाली फसल मक्का, सोयाबीन, ज्वार, बाजरा, कपास, उरद, गेहूँ, मूंगफली, तिल,
मूंग, रामतिल
मिनिमम सपोर्ट प्राइस में मिलने वाली फसल धान(चावल), उरद, मूंग, तुअर
13 फसलें भावांतर योजना में शामिल मक्का, सोयाबीन, ज्वार, बाजरा, कपास, उरद, गेहूँ, मूंगफली, तिल,
मूंग, रामतिल, अरहर, धान

BHAWANTAR BHUGTAN YOJNA कैसे काम करती है?

यदि कोई किसान अपनी फसल को मंडी में मिनिमम सपोर्ट प्राइस के निर्धारित रेट से नीचे रेट पर अपनी फसल को बेचता है, तो उसे जितना भी घाटा होता है उसका भुगतान सरकार द्वारा लाभार्थी के बैंक खाते में पहुँच जाता है

अगर किसी भी किसान ने मंडी में जाकर अपने अनाज को 2700 रुपये क्विंटल बेचा होगा और इसका मिनिमम सपोर्ट प्राइस 3000 रुपये क्विंटल होगा तो उसे इस बीच के अंतर की राशि यानी (3000-2700) 300 रुपये सीधा उसके बैंक खाते में पहुँच जायेंगे।

MP भावांतर भुगतान योजना आवेदन करें

हम आपको मध्यप्रदेश भावांतर योजना का लाभ प्राप्त करने हेतु इसकी आवेदन प्रक्रिया को बताने जा रहे है। आवेदन प्रक्रिया इस प्रकार से है:

  • आप पहले तो मध्यप्रदेश ई-उपार्जन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • जिसके बाद आपके सामने इस तरह का होम पेज खुलेगा। e-uparajan-online-process-2021
  • होम पेज खुलने के पश्चात आप खरीफ 2019-2020 के ऑप्शन पर क्लिक करें ।

    bhawantar-bhugtan-yojna-online-awedan-kese-karein
  • जिसके बाद आपके सामने नए पेज पर खरीफ उपार्जन वर्ष 2019-20 हेतु किसान पंजीयन के ऑप्शन पर क्लिक करें। kisan-registration-awedan-prkriya
  • नए पेज पर आप पूछी गयी जानकारी जैसे: रजिस्ट्रेशन का प्रकार चुने, आधार नंबर, और कैप्चा कोड को भरें। awedan-prkriya-kisan-bhawantar-bhugtaan-scheme
  • इसके बाद आप पंजीयन(रजिस्ट्रेशन) करें के ऑप्शन पर क्लिक कर दें।
  • अब आपके सामने रजिस्ट्रेशन फॉर्म खुलेगा जिसमे आप सभी पूछी गयी ध्यानपूर्वक भर दें, यदि अपने कोई भी जानकारी गलत भरी होगी तो फॉर्म स्वीकार नहीं किया जायेगा।
  • सभी जानकारी भरने के बाद आप SUMBIT पर क्लिक कर दें
  • जिसके बाद आपका एप्लीकेशन फॉर्म भरने की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।

इसी तरह आप 2021 हेतु आवेदन फॉर्म को भर सकते है और इस योजना से लाभों को उठा सकते है। .

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रजिस्ट्रेशन एवं आवेदन फॉर्म की स्थिति की जानकारी कैसे देखे?

आपको अपने रजिस्ट्रेशन की जानकारी देखनी है या अपने आवेदन फॉर्म की स्थिति जाननी है ,तो आप स्टेप्स को पूरा पढ़े।

  • सबसे पहले आप मध्यप्रदेश ई-उपार्जन की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • जिसके बाद आपके सामने होम पेज खुलेगा।
  • होम पेज खुलने के पश्चात आप खरीफ 2020-2021 के ऑप्शन पर क्लिक करें। awedan-isthiti-dekhein
  • जिसके बाद आपके सामने नए पेज पर किसान पंजीयन/आवेदन सर्च के ऑप्शन पर क्लिक करें।

    kisan-panjiyan-awedan-search
  • अब आपको किसान पंजीकरण जानकारी के अंदर पूछी गयी जानकारी जैसे: किसान कोड, मोबाइल नंबर, या समग्र नंबर को भरें और कैप्चा कोड को डालेapplication-form-status-check
  • जिसके बाद आप किसान सर्च करें पर क्लिक करें।

ऑफलाइन REGISTRATION आवेदन करने की प्रक्रिया

ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन हेतु आपको सबसे पहले इसका आवेदन फॉर्म लाना होगा आप आवेदन फॉर्म या तो राज्य के पंचायत ऑफिस, डिस्ट्रिक्ट ऑफिस, या किसी ब्लॉक कार्यालय से फॉर्म प्राप्त कर सकते है या तो आप फॉर्म को ऑनलाइन माध्यम से ई-उपार्जन पोर्टल से फॉर्म को डाउनलोड भी कर सकते है। फॉर्म में आपको पूछी गयी जानकारी जैसे: नाम, पता, आधार कार्ड नंबर, उम्र, जमीन से जुडी सभी डिटेल्स, फसल की जानकारी, बैंक की सभी डिटेल्स, बैंक अकाउंट नंबर आदि को भरें और उसके बाद अपनी पासपोर्ट साइज फोटो लगा लें। इसके बाद आप रजिस्ट्रेशन हेतु आवेदन फॉर्म को ई-उपार्जन सेंटर या मंडी सेंटर में जाकर जमा कर दें।

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आवेदन फॉर्म डाउनलोड करें: यहाँ क्लिक करें

MP भावांतर भुगतान योजना price list

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समग्र ID (COMPOSITE) कैसे प्राप्त करें

यदि आवेदक के पास समग्र ID नहीं है तो आप इन स्टेप्स को फॉलो करके अपनी कम्पोजिट ID प्राप्त कर सकते है। आपको बता दें की COMPOSITE ID दो प्रकार की होती है। पहली पारिवारिक समग्र ID होती है जो 8 अंक की होती है। यह ID पूरे परिवार मान्य होती है। दूसरी सदस्य समग्र ID होती है जो की 9 अंक की होती है जिनका रजिस्ट्रेशन परिवार के सदस्य के तौर पर कराया जाता है। समग्र ID प्राप्त करने की प्रक्रिया:

  • सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट samagra.gov.in पर जाएं।
  • जिसके बाद आप समग्र ID को 2 तरीके से सर्च कर सकते है। मोबाइल नंबर द्वारा या परिवार के किसी सदस्य के नाम से
  • अब आप किसी एक ऑप्शन को क्लिक करें।
  • यदि आप मोबाइल नंबर से COMPOSITE नंबर सर्च करते है तो आप सदस्य का मोबाइल नंबर, सदस्य का आयु वर्ग, सदस्य के नाम के पहले दो अक्षर भरें।

    COMPOSITE-ID-SEARCH-BY-MOBILE-NUMBER
  • और यदि आप सदस्य के समग्र ID खोजते है तो आप पूछी गयी जानकारी जैसे: जिला, स्थानिया निकास, लिंग, नाम, सरनेम, ग्राम पंचायत/जोन, ग्राम भरेंSAMAGR-ID-KHOJE
  • इसके बाद कैप्चा कोड भरें।
  • अब देखें पर क्लिक कर दें, जिसके बाद आपके सामने स्क्रीन पर समग्र ID आप देख सकेंगे।
खरीफ फसल 2021 के सपोर्ट प्राइस लिस्ट रेट रबी फसल 2021 के सपोर्ट प्राइस लिस्टरेट
तुअर 5675 रुपये per quintal चना 4400 रुपये per quintal
सोयाबीन 3399 रुपये per quintalमसूर 4250 रुपये per quintal
मक्का 1770 रुपये per quintalलहसून 3200 रुपये per quintal
कपास (लम्बा रेसा)5450 रुपये per quintalप्याज 8 रुपये per kg(अनुमानित किया गया है )
धान 1750 रुपये per quintalसरसो 4000 रुपये per quintal
धान ग्रेड ए 1770 रुपये per quintalगेहूँ 2000 रुपये per quintal
उरद 5600 रुपये per quintalतुअर 3860 रुपये per quintal
ज्वार हाइब्रिड 2430 रुपये per quintal
तिल 5675 रुपये per quintal
बाजरा 1950 रुपये per quintal
अरहर 5675 रुपये per quintal
रामतिल 5877 रुपये per quintal
कपास (माध्यम रेसा) 5150 रुपये per quintal
मूंगफली 4890 रुपये per quintal

योजना सम्बंधित जानकारी

  • आवेदक के पास रजिस्ट्रेशन करते वक़्त अपना आधार कार्ड होना जरुरी है।
  • आधार कार्ड और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर होना अनिवार्य है।
  • रजिस्ट्रेशन होने के बाद भुगतान शुल्क का कन्फर्मेशन पेज की कॉपी अपने पास रखे।
  • फसल को खरीदते वक़्त रसीद अपने साथ लेकर जाएँ।
  • लाभार्थी किसानो को भावांतर भुगतान योजना से मिलने वाली सहायता राशि उनके बैंक में ट्रांसफर की जाएगी, जिसका सबूत उन्हें मैसेज द्वारा प्राप्त हो जायेगा

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भावांतर भुगतान योजना से सम्बंधित प्रश्न/उत्तर

भावांतर भुगतान योजना का क्या उद्देश्य है?

भावांतर योजना के माध्यम से किसान अपनी फसल बेच सकते है। किसानो को उनकी उपजाऊ फसल का सही मुनाफा मिल पायेगा, जिससे किसनो को आर्थिक सहायता मिल पायेगी।

भावांतर भुगतान योजना क्या है?

भावांतर भुगतान योजना के तहत सरकार किसानों को फसलों की कीमतों में गिरावट आने पर बाजार में मिलने वाला भाव(मार्किट प्राइस) व मिनिमम सपोर्ट प्राइस(न्यूनतम समर्थन रेट) के बीच की अन्तर राशि किसानो को प्रदान की जाती है।

योजना की शुरुवात कब हुई? और यह योजना किसके द्वारा शुरू की गयी?

भावांतर भुगतान योजना की शुरुवात 16 अक्टूबर 2017 को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह द्वारा किया गया।

योजना के अंतर्गत पहले कितनी फसलें थी? और अब इसके अंदर कितनी और फसलों को शामिल किया गया है?

योजना के अंतर्गत आने वाली केवल आठ फसल थी,वह फसल जिनसे तेल बनता था व कुछ दाल थी। लेकिन अब कुल 13 फसल इसके अंदर शामिल की गई है।

कौन सी फसलें भावंतार भुगतान स्कीम के अंदर शामिल है?

1. मक्का
2. सोयाबीन
3. ज्वार
4. बाजरा
5. कपास
6. उरद
7. गेहूँ
8. मूंगफली
9. तिल
10. मूंग
11. रामतिल
12. अरहर
13. धान

पिछले 5 सालों में योजना के तहत कितना अनाज ख़रीदा गया?

पछले 5 सालो में 64.35 लाख किसानो से योजना के अंतर्गत 2415.62 लाख टन अनाज को ख़रीदा गया

अगर आपको हमारे द्वारा लिखे भावंतर योजना से सम्बंधित सभी जानकारी पसन्द आयी हो तो आप हमे कमेंट करके बता सकते है। या आपको इस योजना से सम्बंधित कोई भी जानकारी या सवाल आपको पूछने है तो आप हमे नीचे दिए गए मैसेज बॉक्स में मैसेज करके पूछ सकते है। हमारी टीम आपके सभी सवालो का जवाब देने की पूरी कोशिश अवश्य करेगी।

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