क्या है Indian Army की अग्निपथ प्रवेश योजना, क्या होगी आवेदन प्रक्रिया जानें

क्या है Indian Army की अग्निपथ प्रवेश योजना– भारतीय सेना अपनी भर्ती प्रक्रिया में बदलाव कर सकती है। इस बदलाव के लिए केंद्र सरकार अग्निपथ प्रवेश योजना लाने पर विचार कर रही है। इस योजना के आधार पर 3 सेनाओं के लिए युवाओं की भर्ती 3 साल के लिए ही की जाएगी। अग्निपथ प्रवेश योजना के अंतर्गत इंडियन आर्मी में सेलेक्ट होने वाले उम्मीदवारों को अग्रिवीर कहा जायेगा। इस योजना के आधार पर ऐसे युवाओं की नियुक्ति केवल 3 वर्षो तक की जाएगी। इस प्रक्रिया के अनुसार सशस्त्र बलों की औसत उम्र में कमी आएगी। और रिटायरमेंट और पेंशन के रूप में सरकार के ऊपर आर्थिक बोझ भी नहीं बढ़ेगा।

यदि इस योजना के आधार पर युवाओं का ट्रेनिंग एवं नियुक्ति के दौरान अच्छा प्रदर्शन रहा तो उन्हें स्थायी रूप से सेना में शामिल होने का अवसर मिलेगा। इसके लिए तीनो सेनाओं थल ,वायु ,और नौसेना के अधिकारीयों ने केंद्र सरकार को प्रपोजल दिया है। हालाँकि सरकार की तरफ से इस मामले में कोई नोटिफिकेशन जारी नहीं की गयी है।

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क्या है Indian Army की अग्निपथ प्रवेश योजना

इंडियन आर्मी में युवाओं को भर्ती करने के लिए अग्निपथ प्रवेश योजना को लाने पर विचार विमर्श किया जा रहा है। इस योजना के आधार पर युवाओं को 3 वर्षो तक सेना में तैनात किया जायेगा। ट्रेनिंग एवं नियुक्ति के दौरान अच्छा प्रदर्शन देने वाले सैनिकों को स्थायी रूप से इंडियन आर्मी में भर्ती होने का अवसर दिया जायेगा। इस योजना के अंतर्गत तीनों सेनाओं में युवाओं को भर्ती किया जायेगा। इस योजना के आधार पर लगभग 1 लाख से अधिक रिक्त पद भरे जायेंगे। इस योजना के आधार पर युवाओं को अग्रवीर के रूप में सेना में शामिल किया जायेगा।

Indian Army की अग्निपथ प्रवेश योजना में युवाओ की तैनाती

अग्निपथ प्रवेश योजना के अंतर्गत 3 वर्ष बाद रिटायरमेंट होने के बाद अग्रिवीरों को कॉर्पोरेट सेक्टर में नौकरी दी जाएगी। इसके लिए जवानो को ट्रेनिंग दी जाएगी जिसके बाद उन्हें जम्मू कश्मीर और पूर्वोत्तर के क्षेत्रों में तैनात किया जायेगा।

सेना में भर्ती होने इन जवानो को अग्रिवीर का नाम दिया गया है। सर्वप्रथम इस शब्द का इस्तेमाल उस समय किया गया जब वर्ष 2017 में रिटायर हो चुके सैनिकों को दोबारा से सेना में जाने का अवसर दिया गया। जिसको टूर ऑफ़ ड्यूटी का नाम दिया गया। सेना के जवान रिटायर होने के बाद भी दूसरी सिविल में जाने का अवसर प्राप्त करने में सक्षम होंगे। इसलिए इनकी नियुक्ति योजना के आधार पर केवल 3 वर्षो के लिए की जाएगी।

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